मखाने खाने के फायदे


बादाम,किशमिश,पिस्ता,चिलगोजे, अखरोट और मखाने में बहुत से पोषक तत्व पाएं जाते हैं जो शरीर को ऊर्जा प्रदान करते हैं। वैसे तो सारे सूखे मेवे गुणों से भरपूर होते हैं लेकिन मखाना ठंड़ में शरीर को बीमारियों से बचाए रखने में बहुत फायदेमंद है। मखाना न केवल तुरंत ताकत के लिहाज से फायदेमंद है बल्कि यह सेहत से जुड़े कई बड़े फायदों से भरा है। इसमें प्रोटीन,एंटीऑक्सीडेंट, विटामिन,कैल्शियम,मिनरल्स,न्यूट्रिशियंस और फास्फोरस जैसे तत्व पाए जाते हैं। यह तत्व शरीर के पोषण के लिए बहुत जरूरी है।

मखना,  जिसे फॉक्स-नट या कमल का बीज भी कहा जाता है,  ईरियल फॉक्स नामक पौधे से आता है जो  पूर्वी एशिया के झीलों या तालाबों के स्थिर पानी में उगता है।

मखाने खाने के फायदे

रक्तचाप के लिए:- उच्च पोटेशियम और कम सोडियम के कारण यह उच्च रक्तचाप वाले व्यक्ति के लिए अच्छा है। यह मानव शरीर के सही रक्तचाप के स्तर को बनाए रखने, स्थिर करने और यहां तक कि सुसंगत करने में भी अच्छे हैं।

बुढ़ापे को रोकने के लिए:-  एंटी एजिंग के गुणों से भरपूर मखाने का सेवन करने से समय से पहले आने वाले बुढ़ापे को रोका जा सकता है।

बालों और झुर्रियों के लिए:-  मखाने का सेवन करने से झुर्रियां और असमय बालों के सफेद होने की परेशानी से बचा जा सकता है।

जोड़ों के दर्द के लिए:- मखाना कैल्शियम से भरपूर है इसलिए जोड़ों के दर्द, विशेषकर गठिया के मरीजों के लिए इसका सेवन काफी फायदेमंद है।

मधुमेह के लिए:- मखाना मधुमेह के रोगी के लिए एक उत्तम नाश्ता है। यह उनके लिए पौष्टिक तो है ही किंतु साथ ही में यह उनके रक्त शर्करा स्तर को भी नियंत्रण में रखता है।

किडनी के लिए:- मखाना खाने से किडनी की बीमारियों से बचा जा सकता है। यह किडनी को मजबूत बनाने और शरीर में खून का प्रभाव ठीक तरह से चलाने में मददगार है।

दिल के लिए:- कमल के बीज में प्रचुर मात्रा में मैग्नीशियम होता है। मैग्नीशियम रक्त, ऑक्सीजन और अन्य पोषक तत्वों के प्रवाह को बेहतर बनाता है। मैग्नीशियम और फोलेट की पोषण संबंधी सामग्री कोरोनरी हृदय रोगों और अन्य हृदय संबंधी स्थितियों से जुड़े जोखिम को कम करती है।

नींद ना आने के लिए:- यह निद्रा संबंधित रोगों का एक प्रभावी उपचार हैं। यह तनाव को दूर कर एक शांतिपूर्ण निद्रा दिलाने में सहायक है। इसमें प्रशान्ति के गुण पायें जातें हैं जो बेचैनी व घबराहट को भी कम करने में लाभदायक हैं।Health benefits

वजन घटाने के लिए:- इसमें उच्च फाइबर और कम वसा है। इसके अलावा, चूंकि कमल के बीजों को ग्लिसेमिक इंडेक्स में कम माना जाता है, इसलिए यह आपको पूर्ण होने की भावना देते है और यहां तक कि वजन घटाने मे भी मदद करते है।

हड्डियों की मजबूती के लिए:- कैल्शियम में भरपूर होने के कारण यह हड्डियों को मजबूती प्रदान करने का काम करता है।

दस्त के लिए:- घी में भुने हुए मखाने खाने से दस्त में लाभ मिलता है, चाहे वह जीर्ण दस्त ही क्यूँ ना हो। यह एक क्षुधावर्धक भी है और भूख में सुधार लाने के लिए प्रयोग किया जाता है।

गुर्दा के लिए:- यह शरीर में रक्त नियमन में सुधार के द्वारा गुर्दा की समस्या के जोखिम को कम करने में भी मदद करता है।

मासिक चक्र के लिए:- औरतों में मासिक चक्र में गड़बड़ी के कारण आने वाली परेशानियों से छुटकारा पाने में भी मखाना मददगार है।

सूजन रोकने के लिए:- कमल का बीज फ्लोवानोइड्स में बहुत समृद्ध है; एक प्राकृतिक रसायन जो जोखिम को कम करने और सूजन को रोकने में मदद कर सकता है।

यौन रोगो के लिए:- मखाने का सेवन करने से वीर्यपात एवं शीघ्रपतन जैसे यौन रोगों में सुधार आता है और यौन शक्ति में भी बढ़ाई होती है। यह एक कामोद्दीपक के रूप में कार्य करता है और सेक्स  की इच्छा को बढ़ावा देता है और शुक्राणुओं की गुणवत्ता और गतिशीलता में सुधार लाता है। यह महिलाओं में भी यौन विकारों से मुक्ति दिला बांझपन को उपजाऊपन में बदल देता है।

मसूढ़ों के लिए:- मख़ानो की नियमित खपत धीरे-धीरे आपके मसूड़ों की समस्याओं को ठीक करती है। यह मुंह में दर्द को ठीक करने में भी मदद करता है।

गर्भावस्था के लिए:- यह माँ और शिशु दोनों को ही स्वस्थ रखने में लाभदायक है। गर्भावस्था के बाद आने वाली कमज़ोरी को भगाने का यह एक अच्छा उपाय है।

इन तरीकों से भी आप मखाने का सेवन कर सकतें है

मखाना,मूंगफली,सरसों के बीज को मिला कर इसमें अपनी पसंद से नमक और मसाला मिला कर चटनी बना लें। इस चटनी को लंच या डिनर के साथ खाएं।

मखाने को दूध में उबाल कर इसमें किशमिश और बादाम डालकर खाएं।

थोडे से मखाने लेकर कुछ देर के लिए इसे दूध में भिगो दें और पेस्ट तैयार कर लें। अब 1 चम्मच पेस्ट को 1 गिलास गर्म दूध में केसर के साथ डालकर पीएं। इससे रात को अच्छी नींद आती है

देसी घी में मखाना डालकर रोस्ट कर लें और इसमें काला नमक मिलाकर चाय और कॉफी के साथ खाएं।

मखाने को मक्खन में फ्राई कर सूप के साथ खाने से इसका स्वाद और न्यूट्रीशियंस बढ़ जाते हैं।

मखाने को पनीर की सब्जी में डालकर इसके पोषण तत्व और स्वाद बढ़ जाते हैं।

जरुरी बातें

इसके कोई ज्ञात दुष्प्रभाव नहीं है, परंतु कब्ज में इसका ज़्यादा इस्तेमाल करने से आपका कब्ज खराब हो सकता है।

मधुमेह रोगी जो पहले से ही इंसुलिन पर हैं, उन्हें सेवन से पहले चिकित्सक से परामर्श करना चाहिए, क्योंकि यह रक्त में शर्करा के स्तर को कम करने का प्रयास करता है।

कमल के बीज एलर्जी प्रतिक्रिया पैदा कर सकता है। इसलिए यदि आप कोई लक्षण देखते हैं, तो अपने चिकित्सक से परामर्श करें।


सुनील कुमार

Back to top